Entertainment

डॉ. राजू चड्ढा ने जालियांवाला बाग नरसंहार कांड पर किया प्रदर्शनी का उद्घाटन

भारतीय स्वाधीनता संग्राम का इतिहास ब्रितानिया हुकूमत के जुल्मों की कहानियों से भरा पड़ा है और ऐसी ही एक कहानी है अमृतसर के जलियांवाला बाग की, जब एक गोरे अफसर के आदेश पर सैकड़ों भारतीयों को मौत के घाट उतार दिया गया था।

आधुनिक इतिहास के सबसे नृशंस हत्याकांडों में शुमार 13 अप्रैल, 1919 का दिन वह तारीखी लम्हा है, जब बैसाखी के दिन हजारों लोग रोलेट एक्ट और राष्ट्रवादी नेताओं सत्यपाल एवं डॉ. सैफुद्दीन किचलू की गिरफ्तारी के विरोध में जलियांवाला बाग में एकत्र हुए थे तथा जनरल रेजीनल्ड डायर ने पंजाब के तत्कालीन गवर्नर माइकल ओड्वायर के आदेश पर अपने सैनिकों के साथ जलियांवाला बाग को घेर लिया और वहां मौजूद लोगों पर अंधाधुंध गोलीबारी की।

डायर के कारिंदों की बंदूकें तब तक गरजती रहीं, जब तक कि गोलियां खत्म नहीं हो गईं। इस घटना में सैकड़ों लोग मारे गए।

उसी जालियांवाला बाग नरसंहार कांड पर आयोजित एक प्रदर्शनी का उद्घाटन डॉ. राजू चड्ढा और अन्य गणमान्य पंजाबी महानुभावों ने किया, जो जालियांवाला बाग नरसंहार के 100वें वर्ष को 2019 में हाउस ऑफ लॉर्ड्स में आयोजित एक समारोह का समापन करने के लिए भारत से इंग्लैंड की यात्रा करेंगे।

अंतर्राष्ट्रीय पंजाब फोरम की कई गतिविधियों में ऐ एक यह पहल प्रसिद्ध उद्यमी, फिल्म प्रस्तोता एवं सामाजिक कार्यकर्ता डॉ. राजू चड्ढा के मस्तिष्क की उपज है।

Show More
Close

Adblock Detected

Please consider supporting us by disabling your ad blocker