भारत-पाकिस्तान सीमा पर रिट्रीट समारोह के दौरान हुई यह अनोखी शपथ

भारत-पाकिस्तान सीमा पर रिट्रीट समारोह के दौरान हुई यह अनोखी शपथ

Attari: Border Security Force personnel and Pakistani Rangers perform during the daily beating of the retreat ceremony on India's Independence Day at Attari-Wagha border in Punjab, on Aug 15, 2017. (Photo: IANS)

 

चंडीगढ़| भारत-पाकिस्तान सीमा पर अटारी वाघा और हुसैनीवाला में होने वाले रिट्रीट समारोह में हाल ही के दिनों में एक खास दृश्य देखने को मिला। यहां इस समारोह को देखने के लिए एकत्रित हुए हजारों लोग एक खास शपथ लेते नजर आए।

फील्ड पब्लिसिटी ऑफिसर राजेश बाली ने आईएएनएस से कहा, “देशभर से आए हजारों लोगों ने देश के विकास में बाधा बनने वाले कारकों को दूर करने का प्रण लेते हुए ‘संकल्प से सिद्धि’ की शपथ ली।”

यह शपथ अटारी-वाघा सीमा चौकी पर 23 अगस्त को और फिरोजपुर में हुसैनीवाला सीमा पर 10 सितम्बर को ली गई। इस दौरान अटारी सीमा पर जहां करीब 15,000 लोग मौजूद थे, वहीं हुसैनीवाला में करीब 5,000 लोग शामिल थे।

दोनों स्थानों पर शपथ दिलाने वाले बाली ने कहा, “लोगों ने भारत को आतंकवाद, सांप्रदायिकता और गरीबी से मुक्त कराने और स्वच्छ भारत की शपथ ली। यह इसमें शामिल होने वाले सभी लोगों के लिए एक खास अनुभव था।”

इस कार्यक्रम का आयोजन सूचना और प्रसारण मंत्रालय के डायरेक्टोरेट ऑफ फील्ड पब्लिसिटी (डीएफपी) की अमृतसर इकाई ने सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की सहभागिता में किया था।

बीएसएफ के पंजाब फ्रंटियर इंस्पेक्टर जनरल मुकुल गोयल ने रिट्रीट समारोह देखने आने और सुरक्षा बल का उत्साहवर्धन करने के लिए बड़ी संख्या में आए लोगों की सराहना की।

गोयल ने विंस्टन चर्चिल का कथन दोहराते हुए कहा, “जब भीतर कोई शत्रु न हो, तब बाहरी शत्रु आपको कोई नुकसान नहीं पहुंचा सकते। हम साथ मिलकर देश की चुनौतियों से मुकाबला कर सकते हैं।”

शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए लोगों के लिए भी यह एक अनूठा अनुभव था।

मुंबई से आईं राधिका मेहता ने कहा, “हम 16 लोगों के समूह में अटारी पर रिट्रीट समारोह देखने आए थे। जब हमें शपथ ग्रहण कार्यक्रम के बारे में पता चला तो हम बेहद उत्साहित हो गए। एक दुश्मन देश के साथ सटी अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर खड़े होकर करीब 15,000 लोगों को एक साथ बोलते देखना और जवानों और लोगों का आंखों में आंखें डालकर खड़े होना एक अनोखा अनुभव था।”

अटारी-वाघा सीमा पर हर शाम हजारों लोग इस 25 मिनट के रिट्रीट समारोह के गवाह बनते हैं, जब भारत और पाकिस्तान के ध्वज झुका दिए जाते हैं और सीमा द्वारों को रातभर के लिए बंद कर दिया जाता है।

समारोह शुरू होने से पहले महिलाओं और बच्चों को राष्ट्रभक्ति भरे बॉलीवुड गीतों पर दिल खोलकर थिरकते देखा जा सकता है।

–आईएएनएस

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *