‘मेट्रो किराया घटाने, ईंट भट्ठे बंद करने, सम-विषम पर काम करने के आदेश’

 

नई दिल्ली: सर्वोच्च न्यायालय द्वारा नियुक्त समिति ने मंगलवार को दिल्ली में सर्दियों के मौसम के शुरू होने के साथ प्रदूषण के उच्चस्तर की वजह से दिल्ली की हवा की गुणवत्ता को सुधारने के प्रयास के तहत दिल्ली मेट्रो से किराए में कमी करने को कहा है।

सर्वोच्च न्यायालय द्वारा नियुक्त समिति ने दिल्ली मेट्रो से अगले दो दिनों के लिए फेरो में बढ़ोतरी करने को कहा है, जबकि वाहनों की पार्किं ग शुल्क को चौगुना करने का आदेश दिया है।

दिल्ली-एनसीआर में मंगलवार को प्रदूषण की एक मोटी परत छाई रही। इससे हवा की गुणवत्ता बदतर बनी हुई है।

पर्यावरण प्रदूषण रोकथाम व नियंत्रण प्राधिकरण (ईपीसीए) ने दिल्ली के लिए सामान नहीं लाने वाले ट्रकों के प्रवेश पर रोक लगा दिया है।

ईपीसीए ने यातायात पुलिस से यातायात कर्मियों को बढ़ाने को कहा है व धूल नियंत्रण के लिए पर्याप्त उपाय नहीं अपनाने वाली निर्माण कंपनियों पर 50,000 रुपये का जुर्माना लगाने को कहा है।

ईपीसीए के चेयरमैन भूरेलाल ने सरकार को गंभीर श्रेणी के तहत ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान के तहत सभी उपाय अपनाने के निर्देश दिए हैं। भूरेलाल ने सार्वजनिक परिवहन प्रणाली को बढ़ाने के त्वरित आदेश दिए हैं।

उन्होंने इसके साथ ही संभी ईंट भट्ठों, स्टोन क्रशर व हॉट मिक्स प्लांटों को बंद करने व अपर्याप्त धूल नियंत्रण के उपाय करने वाली सभी सड़क निर्माण एजेंसियों पर जुर्माना लगाने का आदेश दिया है।

हालांकि, उन्होंने कहा कि आपातकालिक योजना लंबे समय के लिए एक विकल्प नहीं हो सकती और वायु प्रदूषण के लिए निर्णायक फैसला लेना होगा।

ईपीसीए ने सभी स्कूलों को बाहर की गतिविधियों को रोकने का भी सुझाव दिया। पर्यावरण मंत्रालय के स्वास्थ्य सलाह में कहा गया है कि मौजूदा प्रदूषण की स्थिति की वजह से सांस संबंधी दिक्कतें हो सकती हैं। इसका प्रभाव स्वस्थ लोगों पर भी पड़ सकता है।

ईपीसीए ने दिल्ली सरकार के साथ अपनी बैठक में सरकार को सम-विषम योजना के लिए फिर से तैयार रहने का आदेश दिया है।

समिति ने निजी वाहनों को हतोत्साहित करने के प्रयास के तहत दिल्ली मेट्रो से त्वरित रूप से अपनी सेवाओं में मेट्रो के फेरों में बढ़ोतरी, ज्यादा कोच लगाने व इस अवधि के दौरान पीक ऑवर में किराए कम करने करने करने को कहा गया है। इसके साथ ही तत्काल प्रभाव से पार्किं ग शुल्क को चौगुना करने का आदेश दिया।

–आईएएनएस

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *